भगवान शिव के 108 नाम, अर्थ और मंत्र, bhagwan shiv ke 108 naam

भगवान शिव के 108 नाम हिंदी में (bhagwan shiv ke 108 naam) : हिन्दू धर्म में प्रमुख भगवान त्रिदेव को माना जाता है, त्रिदेव भगवान में से एक भगवान है शिव| अगर आप भगवान शिव के 108 नाम जानने के लिए परेशान या उत्सुक है तो यह पेज आपके लिए लाभकारी है क्योंकि इस पेज में हम आपको भगवान शिव के 108 नाम (bhagwan shiv ke 108 naam in hindi) और नामो के अर्थ के साथ उनके मन्त्र की जानकारी भी उपलब्ध करा रहे है|

भगवान शिव एक ऐसे भगवान है जिन्हे देवताओ के साथ साथ असुर भी पूजते है और भोलेनाथ सबकी मनोकामना पूर्ण कर करते है| सावन के महीने को भगवान शिव का महीना भी माना जाता है और लगभग सभी लोग सावन में भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए व्रत भी रखते है| लेकिन सच यह है की आप भगवान शिव की पूजा या अर्चना जब भी सच्ची श्रद्धा और पूर्ण विश्वास से करते है भगवान शिव आपकी परेशानी को निवारण जरूर करते है|

भगवान शिव को दुनियाभर में अलग अलग नामो से जाना जाता है कुछ उन्हें देवो के देव, महादेव, भोलेनाथ, शिव शंकर इत्यादि नामो से पुकारते है| सभी भगवानो में भगवान शिव ही एक ऐसे भगवान है जिनके तीन नेत्र है और ऐसा कहा जाता है की जिस दिन भगवान शिव की तीसरी आँख खुल गई उस दिन धरती पर जीवन समाप्त हो जाएगा| भगवान शिव के क्रोध के बारे में सभी जानते ही है लेकिन भगवान शिव जितने कठोर है उससे ज्यादा अपने भक्तो के लिए मुलायम भी है|

आप सच्चे मन से केवल एक लौटा जल चढ़ाते हुए भगवान शिव के 108 नाम (bhagwan shiv ke 108 naam hindi me) का जाप करें भगवान शिव आपसे बहुत जल्दी प्रसन्न हो जाते है, भगवान शिव का नाम लेने से ही आपके जीवन में आने वाले संकट दूर हो जाते है| वैसे अगर आप अपने जीवन में आ रही परेशानियो से मुक्ति पाना चाहते है तो नियमित रूप से सुबह जल्दी उठकर स्नान करके भगवान शिव के 108 नाम का जाप करें और यह जाप सोमवार से शुरू करें, ऐसा करने से भगवान शिव बहुत जल्दी प्रसन्न होंगे और उनकी कृपा से आपके जीवन के सभी दुःख दूर हो जाएंगे|

भगवान शिव के 108 नाम हिंदी में, भगवान शिव का अष्टोत्तर शतनामावली, bhagwan shiv ke 108 naam

शिव जी के 108 नाम
1शिव – Shivaकल्याण स्वरूपॐ शिवाय नमः
महेश्वर – Maheshwaraमाया के अधीश्वरॐ महेश्वराय नमः
शंभवे – Shambhaveॐ शंभवे नमः
पिनाकिने – Pinakineपिनाक धनुष धारण करने वालेॐ पिनाकिने नमः
शशिशेखर – ShashiShekharaसिर पर चंद्रमा धारण करने वालेॐ शशिशेखराय नमः
वामदेव – Vamadevaअत्यंत सुंदर स्वरूप वालेॐ वामदेवाय नमः
विरूपाक्ष – Virupakshaविरूपाक्षॐ विरूपाक्षाय नमः
कपर्दी – Kapardiजटाजूट धारण करने वालेॐ कपर्दिने नमः
नीललोहित – Nilalohita नीले और लाल रंग वालेॐ नीललोहिताय नमः
शंकर – Shankaraसबका कल्याण करने वालेॐ शंकराय नमः
शूलपाणी – Shulapaniहाथ में त्रिशूल धारण करने वालेॐ शूलपाणये नमः
खटवांगी – Khatvangiखटिया का एक पाया रखने वालेॐ खट्वांगिने नमः
विष्णुवल्लभ – Vishnuvallabhaभगवान विष्णु के अति प्रियॐ विष्णुवल्लभाय नमः
शिपिविष्ट – Shipivishta सितुहा में प्रवेश करने वालेॐ शिपिविष्टाय नमः
अंबिकानाथ – Ambikanatha देवी भगवती के पतिॐ अंबिकानाथाय नमः
श्रीकण्ठ – Shrikantha सुंदर कण्ठ वालेॐ श्रीकण्ठाय नमः
भक्तवत्सल – Bhaktavatsala भक्तों को अत्यंत स्नेह करने वालेॐ भक्तवत्सलाय नमः
भव – Bhavaसंसार के रूप में प्रकट होने वालेॐ भवाय नमः
शर्व – Sharvaकष्टों को नष्ट करने वालेॐ शर्वाय नमः
त्रिलोकेश – Trilokesha तीनों लोकों के स्वामीॐ त्रिलोकेशाय नमः
शितिकण्ठ – Shitikantha सफेद कण्ठ वालेॐ शितिकण्ठाय नमः
शिवाप्रिय – Shivapriya पार्वती के प्रियॐ शिवा प्रियाय नमः
उग्र – Ugra अत्यंत उग्र रूप वालेॐ उग्राय नमः
कपाली – Kapali कपाल धारण करने वालेॐ कपालिने नमः
कामारी – Kamari कामदेव के शत्रु, अंधकार को हरने वालेॐ कामारये नमः
अंधकारसुर सूदन ॐ अन्धकासुरसूदनाय नमः
गंगाधर – Gangadhara गंगा जी को धारण करने वालेॐ गंगाधराय नमः
ललाटाक्ष – Lalataksha ललाट में आंख वालेॐ ललाटाक्षाय नमः
कालकाल – Kalakalaॐ कालकालाय नमः
कृपानिधि – Kripanidhi करूणा की खानॐ कृपानिधये नमः
भीम – Bheema भयंकर रूप वालेॐ भीमाय नमः
परशुहस्त – Parshuhasta हाथ में फरसा धारण करने वालेॐ परशुहस्ताय नमः
मृगपाणी – Mrigpaani हाथ में हिरण धारण करने वालेॐ मृगपाणये नमः
जटाधर – Jattadhar जटा रखने वालेॐ जटाधराय नमः
कैलाशवासी – Kailashavasi कैलाश के निवासीॐ कैलाशवासिने नमः
कवची – Kawachi कवच धारण करने वालेॐ कवचिने नमः
कठोर – Kathor अत्यंत मजबूत देह वालेॐ कठोराय नमः
त्रिपुरान्तक – Tripurantak38 त्रिपुरासुर को मारने वालेॐ त्रिपुरान्तकाय नमः
वृषांक – Vrishanka बैल के चिह्न वाली ध्वजा वालेॐ वृषांकाय नमः
वृषभारूढ़ – Vrishbharudh बैल की सवारी वालेॐ वृषभारूढाय नमः
भस्मोद्धूलितविग्रह – Bhasmodhulitavigrah सारे शरीर में भस्म लगाने वालेॐ भस्मोद्धूलितविग्रहाय नमः
सामप्रिय – Samapriya सामगान से प्रेम करने वालेॐ सामप्रियाय नमः
स्वरमयी – Swaramayi सातों स्वरों में निवास करने वालेॐ स्वरमयाय नमः
त्रयीमूर्ति – Trayimurti वेदरूपी विग्रह करने वालेॐ त्रयीमूर्तये नमः
अनीश्वर – Anishvara जो स्वयं ही सबके स्वामी हैॐ अनीश्वराय नमः
सर्वज्ञ – Sarvagya सब कुछ जानने वालेॐ सर्वज्ञाय नमः
परमात्मा – Paramatma सब आत्माओं में सर्वोच्चॐ परमात्मने नमः
सोमसूर्याग्निलोचन  चंद्र, सूर्य और अग्निरूपी आंख वालेॐ सोमसूर्याग्निलोचनाय नमः
हवि – Havi आहूति रूपी द्रव्य वालेॐ हविषे नमः
यज्ञमय – Yagyamaya यज्ञस्वरूप वालेॐ यज्ञमयाय नमः
सोम – Soma उमा के सहित रूप वालेॐ सोमाय नमः
पंचवक्त्र – Panchavaktra पांच मुख वालेॐ पंचवक्त्राय नमः
सदाशिव – Sadashiva नित्य कल्याण रूप वालेॐ सदाशिवाय नमः
विश्वेश्वर – Vishveshwara सारे विश्व के ईश्वरॐ विश्वेश्वराय नमः
वीरभद्र – Veerabhadra वीर होते हुए भी शांत स्वरूप वालेॐ वीरभद्राय नमः।
गणनाथ – Gananatha गणों के स्वामीॐ गणनाथाय नमः।
प्रजापति – Prajapati प्रजाओं का पालन करने वालेॐ प्रजापतये नमः।
हिरण्यरेता – Hiranyareta स्वर्ण तेज वालेॐ हिरण्यरेतसे नमः।
दुर्धर्ष – Durdharsha किसी से नहीं दबने वालेॐ दुर्धर्षाय नमः।
गिरीश – Girisha पर्वतों के स्वामीॐ गिरीशाय नमः।
गिरिश्वर – Girishvar कैलाश पर्वत पर सोने वाले
अनघ – Anagha पापरहितॐ अनघाय नमः।
भुजंगभूषण – Bujangabhushana सांपों के आभूषण वालेॐ भुजंगभूषणाय नमः।
भर्ग – Bharga पापों को भूंज देने वालेॐ भर्गाय नमः।
गिरिधन्वा – Giridhanva मेरू पर्वत को धनुष बनाने वालेॐ गिरिधन्वने नमः।
गिरिप्रिय – Giripriya पर्वत प्रेमीॐ गिरिप्रियाय नमः।
कृत्तिवासा – krittivasaa गजचर्म पहनने वालेॐ कृत्तिवाससे नमः।
पुराराति – Purarati पुरों का नाश करने वालेॐ पुरारातये नमः।
भगवान् – Bhagwaan सर्वसमर्थ ऐश्वर्य संपन्नॐ भगवते नमः।
प्रमथाधिप – Pramathadhipa प्रमथगणों के अधिपतिॐ प्रमथाधिपाय नमः।
मृत्युंजय – Mrityunjaya मृत्यु को जीतने वालेॐ मृत्युंजयाय नमः।
सूक्ष्मतनु – Sukshamatanu सूक्ष्म शरीर वालेॐ सूक्ष्मतनवे नमः।
जगद्व्यापी – Jagadvyapi जगत् में व्याप्त होकर रहने वालेॐ जगद्व्यापिने नमः।
जगद्गुरू – Jagadguru जगत् के गुरूॐ जगद्गुरुवे नमः।
व्योमकेश – Vyomakesha आकाश रूपी बाल वालेॐ व्योमकेशाय नमः।
महासेनजनक – Mahasenajanaka कार्तिकेय के पिताॐ महासेनजनकाय नमः।
चारुविक्रम – Charuvikrama सुन्दर पराक्रम वालेॐ चारुविक्रमाय नमः।
रुद्र – Rudra भयानकॐ रुद्राय नमः।
भूतपति – Bhootapati भूतप्रेत या पंचभूतों के स्वामीॐ भूतपतये नमः।
स्थाणु – Sthanu स्पंदन रहित कूटस्थ रूप वालेॐ स्थाणवे नमः।
अहिर्बुध्न्य – Ahirbhudhanya कुण्डलिनी को धारण करने वालेॐ अहिर्बुध्न्याय नमः।
दिगम्बर – Digambara नग्न, आकाशरूपी वस्त्र वालेॐ दिगंबराय नमः।
अष्टमूर्ति – Ashtamurti आठ रूप वालेॐ अष्टमूर्तये नमः।
अनेकात्मा – Anekatma अनेक रूप धारण करने वालेॐ अनेकात्मने नमः।
सात्विक – Satvika सत्व गुण वालेॐ सात्विकाय नमः।
शुद्धविग्रह – Shuddhavigraha शुद्धमूर्ति वालेॐ शुद्धविग्रहाय नमः।
शाश्वत – Shashvata नित्य रहने वालेॐ शाश्वताय नमः।
खण्डपरशु – Khandaparshu टूटा हुआ फरसा धारण करने वालेॐ खण्डपरशवे नमः।
अज – Aja जन्म रहितॐ अजाय नमः।
पाशविमोचन – Pashvimochana बंधन से छुड़ाने वालेॐ पाशविमोचकाय नमः।
मृड – Mrida सुखस्वरूप वालेॐ मृडाय नमः।
पशुपति – Pashupati पशुओं के स्वामीॐ पशुपतये नमः।
देव – Deva स्वयं प्रकाश रूपॐ देवाय नमः।
महादेव – Mahadeva देवों के भी देवॐ महादेवाय नमः।
अव्यय – Avayaya खर्च होने पर भी न घटने वालेॐ अव्ययाय नमः।
हरि – Hari विष्णुस्वरूपॐ हरये नमः।
भगनेत्रभिद् – Bhagnetrabhid भग देवता की आंख फोड़ने वालेॐ भगनेत्रभिदे नमः।
अव्यक्त – Avayayat इंद्रियों के सामने प्रकट न होने वालेॐ अव्यक्ताय नमः।
दक्षाध्वरहर – Dakshadhwarahara दक्ष के यज्ञ को नष्ट करने वालेॐ दक्षाध्वरहराय नमः।
हर – Har पापों व तापों को हरने वालेॐ हराय नमः।
पूषदन्तभित् – Pushadantabhit पूषा के दांत उखाड़ने वालेॐ पूषदन्तभिदे नमः।
अव्यग्र – Avyagra कभी भी व्यथित न होने वालेॐ अव्यग्राय नमः।
सहस्राक्ष – Sahsraksha हजार आंखों वालेॐ सहस्राक्षाय नमः।
सहस्रपाद – Sahasrapada हजार पैरों वालेॐ सहस्रपदे नमः।
अपवर्गप्रद – Apavargaprada कैवल्य मोक्ष देने वालेॐ अपवर्गप्रदाय नमः।
अनन्त – Ananta देशकालवस्तु रूपी परिछेद से रहितॐ अनन्ताय नमः।
तारक – Taraka सबको तारने वालेॐ तारकाय नमः।
परमेश्वर – Parameshwara सबसे परम ईश्वरॐ परमेश्वराय नमः।

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हम आशा करते है की आपको हमारा यह लेख भगवान शिव के 108 नाम (bhagwan shiv ke 108 naam) आपको पसंद आया होगा| भगवान शिव को सभी भगवानो में श्रेष्ठ माना जाता है ,इसीलिए सच्चे मन और पूर्ण श्रद्धा से भगवान शिव के 108 नाम का जाप करने से जीवन में उत्पन्न परेशानियो से छुटकारा प्राप्त होता है|

अगर किसी कारणवश आपको हमारे द्वारा दी गई जानकारी कम लग रही है तो आप गूगल या बिंग पर जाकर भगवान शिव के 108 नाम (bhagwan shiv ke 108 naam) लिखकर और अधिक जानकारी प्राप्त कर सकते है|

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